होशंगाबाद/17,दिसम्बर,2016/ पचमढ़ी उत्सव के दूसरे दिन महिला सशक्तिकरण एवं एसिड अटैक से सुसज्जित नुक्कड़ नाटको एवं कवि सम्मेलन की धूम रही। पचमढी के स्थानीय स्कूलो के छात्रो ने जहां एक ओर महिला सशक्तिकरण एवं बेटी बचाओ की थीम पर मन को झंझोर देने वाले नुक्कड़ नाटक की प्रस्तुति दी वही हायर सेकेण्ड्री स्कूल के छात्रो ने महिला सशक्तिकरण पर लोगो को जागरूक करने का कार्य किया। पचमढ़ी उत्सव में कवियो के दल ने जहां एक ओर हास्यव्यंग की छटा बिखेरते हुए दर्शको को गुदगुदाने व हँसने पर मजबूर कर दिया वही दूसरी ओर वीररस की कविता सुनाकर लोगो के मन में देशभक्ति की भावना का संचार किया। कार्यक्रम का नर्मदापुरम् संभाग कमिश्नर उमाकांत उमराव व कलेक्टर अविनाश लवानिया ने भी लुफ्त उठाया और तालिया बजाकर प्रस्तुति की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। उत्सव के दूसरे दिन इंटरनेशनल फ्यूजन बैंड ने अपनी प्रस्तुति दी। इस बैंड की खासियत यह थी कि इस बैंड में न केवल भारत अपितु जर्मनी, स्कॉटलैंड, इजिप्ट व लांसबैगास के कलाकार भी शामिल थे जिन्होंने आकर्षक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी। गल्र्स हायर सेकेण्ड्री स्कूल पचमढ़ी की छात्राओ ने एसिड अटैक पर प्रभावशाली नुक्कड नाटक की प्रस्तुति दी। इस नाटिका में बताया गया कि एसिड अटैक की शिकार लड़की का जीवन कितना दुखदायी हो जाता है। बालक हायर सेकेण्ड्री स्कूल पचमढी के छात्रो ने महिला सशक्तिकरण की थीम पर नुकक्ड़ नाटकी की प्रस्तुति दी। इस नाटक के माध्यम से महिलाओ को और भी सशक्त बनाने पर जोर दिया गया ताकि महिलाएं स्वयं आगे आकर समाज में अपना स्थान बना सकें। गंभीर विषयो की प्रस्तुति के बाद दर्शको को थिरकने पर मजबूर करने वाले नौरता नृत्य की प्रस्तुती सागर आकादमी के कलाकारो ने दी। इस नृत्य में एक ताल व लय पर किये गये नृत्य ने दर्शको का मन-मोह लिया। वाद्ययंत्रो में तबला एवं लोटे का प्रयोग कर अनोखे संगीत की रचना की गई थी। नौरता नृत्य मुख्यत: नवरात्रा के समय बुन्देलखंड में कुमारी लड़कियो द्वारा प्रस्तुत किया जाता है। इस नृत्य के माध्यम से माँ भगवती की आराधना की जाती है। सबसे अंत में हास्यव्यंग एवं वीररस से भरपूर कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया जिसमें पदम् श्री कवि सुनील जोगी, दिनेश बावरा, अशोक सुन्दरानी, लक्ष्मण नेपाली, विपिन चौहान व पदमिनी शर्मा ने दर्शको का भरपूर मनोरंजन किया। पदम् श्री डॉ.सुनील जोगी ने हास्यव्यंग की भरपूर छटा बिखेरते हुए वर्तमान राजनीतिक हालात पर करारा व्यंग किया, वही कवियत्री पदमनी शर्मा ने गीतो के माध्यम से मानवीय संवेदना व प्रेम को अभिव्यक्त किया। वीररस के कवि विनीत चौहान ने उड़ी के शहीदो के प्रति श्रद्धांजली देते हुए वीर रस से ओतप्रोत कविताएं सुनाई। लाफ्टर चैलेंज प्रतियोगिता में शामिल हो चुके कवि अशोक सुन्दरानी ने अपनी कविताओ से लोगो का भरपूर मनोरंजन किया